Education system Costly
प्राइवेट स्कूलों की महंगी फीस, किताबों और ड्रेस (यूनिफॉर्म) का बोझ मध्यम वर्ग के लिए एक बड़ी समस्या बन गया है。अक्सर स्कूल एनसीईआरटी (NCERT) के बजाय महंगे प्राइवेट पब्लिशर्स की किताबें और विशेष दुकानों से ही सामान खरीदने को मजबूर करते हैं。यहाँ इस मुद्दे से जुड़ी मुख्य बातें दी गई हैं:महँगी किताबें और स्टेशनरी: प्राइवेट स्कूलों की किताबों के सेट खुले बाज़ार से \\(\\approx 5\\) से \\(10\\) गुना अधिक महंगे होते हैं。स्कूल्स ब्रांडेड कॉपियां, क्राफ्ट मटेरियल और नोटबुक केवल अपने फिक्स्ड स्टोर (Fixed Stores) से ही खरीदने का दबाव बनाते हैं。ड्रेस और अन्य खर्चे: यूनिफॉर्म, जूते और टाई-बेल्ट के नाम पर भी स्कूलों और दुकानदारों की मिलीभगत से भारी वसूली की जाती है。इसके अलावा, हर साल भारी एनुअल चार्जेस (Annual Charges) भी वसूले जाते हैं。
8
shishpal gautam
Cockroach Commander · 630 pts
Related Issues
Education 10 views Education yani Shiksha 2 views Need to change our education system by adding ground level useful skill instead of theory 6 views Corruption in the education system 11 views